बिना मानचित्र स्वीकृति या निर्धारित मानकों का पालन किए बिना किसी भी प्रकार का निर्माण करना पूरी तरह अवैध – बंशीधर तिवारी

  • अवैध निर्माण पर एमडीडीए की सख्त कार्रवाई, धौरण रोड स्थित अवैध रूप से निर्मित एवं संचालित ‘हेल्पिंग हेल्थ’ हॉस्पिटल सील

देहरादून: मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान को तेज करते हुए मंगलवार को एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। प्राधिकरण की प्रवर्तन टीम ने धौरण रोड पर अवैध रूप से निर्मित एवं संचालित “हेल्पिंग हेल्थ” नामक हॉस्पिटल पर सीलिंग की कार्रवाई की। जानकारी के अनुसार कुश ऐरन द्वारा बिना स्वीकृत मानचित्र और आवश्यक अनुमति के उक्त निर्माण किया गया था। प्राधिकरण द्वारा पूर्व में भी संबंधित को नियमों के अनुरूप निर्माण करने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन संतोषजनक जवाब और वैध दस्तावेज प्रस्तुत न किए जाने के कारण यह कार्रवाई की गई। सीलिंग की इस कार्रवाई के दौरान सहायक अभियंता शैलेन्द्र सिंह रावत, अवर अभियंता एवं सुपरवाइजर सहित प्रवर्तन टीम मौके पर मौजूद रही।

इसके अतिरिक्त उपाध्यक्ष के निर्देशों के क्रम में आज एमडीडीए की प्रवर्तन टीम द्वारा पछवादून क्षेत्र के विकासनगर के विभिन्न सेक्टरों में संयुक्त निरीक्षण अभियान चलाया गया। इस दौरान क्षेत्र में हो रहे विभिन्न निर्माण कार्यों की मौके पर जांच की गई और निर्माणकर्ताओं से मानचित्र स्वीकृति सहित अन्य जरूरी दस्तावेजों की पड़ताल की गई। जिन निर्माणकर्ताओं द्वारा आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए गए या संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया, उन्हें चिन्हित करते हुए उनके विरुद्ध नियमानुसार आगे की कार्रवाई की रणनीति तैयार की जा रही है। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि अवैध निर्माण को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।

उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी का बयान
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माण के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है और भविष्य में भी यह अभियान जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि बिना मानचित्र स्वीकृति या निर्धारित मानकों का पालन किए बिना किसी भी प्रकार का निर्माण करना पूरी तरह अवैध है और ऐसे मामलों में प्राधिकरण नियमानुसार कठोर कार्रवाई करेगा। उन्होंने आम जनता और निर्माणकर्ताओं से अपील की कि किसी भी निर्माण कार्य को शुरू करने से पहले प्राधिकरण से मानचित्र स्वीकृत कराना अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करें। तिवारी ने कहा कि अवैध निर्माण न केवल शहर की नियोजित विकास व्यवस्था को प्रभावित करते हैं, बल्कि भविष्य में जनसुरक्षा के लिए भी खतरा बन सकते हैं। इसलिए एमडीडीए द्वारा लगातार निगरानी और प्रवर्तन कार्रवाई की जा रही है।

सचिव मोहन सिंह बर्निया का बयान
एमडीडीए के सचिव मोहन सिंह बर्निया ने बताया कि प्राधिकरण की प्रवर्तन टीम द्वारा नियमित रूप से विभिन्न क्षेत्रों में निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान जिन निर्माण स्थलों पर मानचित्र स्वीकृति या अन्य आवश्यक दस्तावेज नहीं पाए जाते हैं, उन्हें चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई की जाती है। उन्होंने कहा कि विकासनगर सहित पछवादून क्षेत्र में किए गए निरीक्षण में कुछ निर्माणों को चिन्हित किया गया है, जिनके विरुद्ध जल्द ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

 

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

उत्तराखंड बजट 2026-27: सरकार का दावा ‘संतुलन’ के इन आठ मूल मंत्रों से होगा विकास

Wed Mar 11 , 2026
गैरसैंण: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा में पेश 1,11,703.21 करोड़ रुपये के बजट को ‘संतुलन’ (SANTULAN) के आठ अक्षरों पर आधारित अनूठे मॉडल से सजाया है। प्रत्येक अक्षर एक मूल मंत्र का प्रतिनिधित्व करता है, जो राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में संतुलित, समावेशी और तीव्र विकास की दिशा तय […]

You May Like

Breaking News

Share
error: Content is protected !!